कृपया ध्यान दें: कुछ लिंक में जानकारी अंग्रेज़ी में हो सकती है।
YouTube पर हर दिन एक अरब से भी ज़्यादा घंटों के वीडियो देखे जाते हैं, फिर भी केवल 9% छोटे बिज़नेस ने अपना YouTube चैनल शुरू किया है। जैसे-जैसे YouTube का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है, उन बिज़नेस के लिए इस प्लेटफ़ॉर्म पर आना ज़रूरी होता जा रहा है जिनकी अभी तक यहाँ कोई मौजूदगी नहीं है।
इस गाइड में, आप अपने ब्रांड के लिए एक सफल YouTube चैनल बनाने की सबसे कारगर रणनीतियाँ जानेंगे। अगर आपने अभी तक अपने बिज़नेस के लिए YouTube चैनल नहीं बनाया है, तो अब वक्त आ गया है। ऐसा वीडियो कंटेंट बनाएं और शेयर करें जो मौजूदा ग्राहकों को जोड़े रखे और नए ग्राहकों को आकर्षित करे।
YouTube (यूट्यूब) चैनल होने के फायदे
YouTube चैनल शुरू करने से आप अपने प्रतिस्पर्धियों से आगे निकल सकते हैं। इसके अलावा भी कई फायदे हैं, जैसे:
- टक का नया ज़रिया। YouTube दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा सर्च इंजन है, जो इसे उन लोगों तक पहुँचने के लिए एक बेहतरीन जगह बनाता है जो शैक्षणिक या मनोरंजक वीडियो कंटेंट खोज रहे हैं।
- ब्रांड अवेयरनेस बढ़ाएं। वीडियो मार्केटिंग ब्रांड अवेयरनेस को 54% तक बढ़ाती है और साल भर में 66% ज़्यादा क्वालिफाइड लीड्स लाती है।
- कंटेंट को ज़्यादा असरदार बनाएं। YouTube वीडियो लंबे समय तक ट्रैफ़िक लाते रहते हैं। एक बार वीडियो अपलोड करने के बाद, वह महीनों और सालों तक बिना ज़्यादा मेहनत के अच्छा प्रदर्शन कर सकता है।
- मज़बूत रिश्ते बनाएं। 64% उपभोक्ता उन ब्रांड्स से जुड़ना चाहते हैं जिनसे वे खरीदारी करते हैं। YouTube पर मौजूदगी संभावित ग्राहकों के साथ गहरे संबंध बनाने में मदद करती है।
- भरोसा और वफ़ादारी बनाएं। वीडियो के ज़रिए आप अपने दर्शकों को बता सकते हैं कि आपका ब्रांड किस बारे में है, सिर्फ शब्दों में नहीं, बल्कि दिखाकर। यह भरोसा और दीर्घकालिक वफ़ादारी बनाता है।
अपना YouTube (यूट्यूब) चैनल बनाना
इन तीन आसान चरणों से अपने ई-कॉमर्स बिज़नेस के लिए YouTube चैनल बनाना सीखें और अपने चैनल की नींव तैयार करें।
1. अपने YouTube (यूट्यूब) चैनल का नाम रखें
शुरुआत करने के लिए उस Google अकाउंट से लॉग इन करें जिसे आप अपने ब्रांड के चैनल को मैनेज करने के लिए इस्तेमाल करना चाहते हैं। इसके बाद, YouTube चैनल स्विचर पर जाएं (जहाँ आप अपने सभी मौजूदा अकाउंट देख सकते हैं) और "Create a channel" बटन चुनें। अगली स्क्रीन पर, अपने चैनल के लिए ऐसा नाम चुनें जो आपके ब्रांड और चैनल के उद्देश्य को सबसे अच्छी तरह दर्शाए।
नाम सोचने में दिक्कत हो रही है? सबसे आसान तरीका यह है कि चैनल का नाम अपने बिज़नेस के नाम पर ही रखें। या फिर, अगर आपका चैनल किसी खास नीश में ट्यूटोरियल पर केंद्रित होगा, तो ऐसा नाम चुनें जो उस कंटेंट को दर्शाए। उदाहरण के लिए, Shopify का एक YouTube चैनल है जिसका नाम है Learn with Shopify, जो ब्रांडेड होने के साथ-साथ चैनल के मकसद को भी बताता है।
टिप: YouTube चैनल बनाने के लिए किसी पर्सनल अकाउंट की बजाय ब्रांडेड Google अकाउंट (यानी, जो आपके बिज़नेस से जुड़ा हो) इस्तेमाल करना समझदारी है। इससे न सिर्फ ब्रांड अवेयरनेस बनती है, बल्कि आगे चलकर कई और फायदे भी मिलते हैं, जैसे कि अतिरिक्त चैनल मैनेजर अपने-अपने लॉगिन पासवर्ड से काम कर सकते हैं।
2. चैनल की विज़ुअल ब्रांडिंग कस्टमाइज़ करें
अपने बिज़नेस के YouTube चैनल को ब्रांड करने से उसे एक प्रोफेशनल लुक मिलता है, जो प्लेटफ़ॉर्म पर कंटेंट क्रिएटर के रूप में आपकी विश्वसनीयता को मज़बूत करता है। साथ ही, यह आपके ब्रांड के सभी टचपॉइंट्स पर एक जैसी विज़ुअल पहचान बनाए रखने में मदद करता है, जिससे आपके टार्गेट ऑडियंस में ब्रांड की पहचान और भरोसा बढ़ता है।
आपके नए YouTube चैनल प्रोफ़ाइल पर विज़ुअल छाप छोड़ने के दो मौके हैं: प्रोफ़ाइल पिक्चर और बैनर इमेज। दोनों इमेज को "Channel customization" सेक्शन के अंतर्गत "Branding" टैब में अपलोड किया जा सकता है।
प्रोफ़ाइल पिक्चर चुनें
आपकी प्रोफ़ाइल पिक्चर (जिसे चैनल आइकन भी कहते हैं) शुरुआत में आपके बिज़नेस अकाउंट की प्रोफ़ाइल फोटो से जुड़ी होगी, लेकिन आप इसे कभी भी बदल सकते हैं।
उदाहरण के लिए, आप अपने ब्रांड का लोगो, उसका कोई वेरिएंट, या कोई ऐसी इमेज इस्तेमाल कर सकते हैं जो आपके बिज़नेस के ब्रांड के अनुरूप हो। ध्यान रखें कि मोबाइल डिवाइस पर आपका YouTube आइकन काफी छोटा दिख सकता है। इसलिए ऐसी इमेज चुनना बेहतर है जो बहुत ज़्यादा डिटेल वाली या टेक्स्ट-हेवी न हो, ताकि छोटे आकार में भी वह पहचानी जा सके और आकर्षक लगे।
आइकन अपलोड करते समय, इसे JPG, BMP, PNG, या नॉन-एनिमेटेड GIF फॉर्मेट में 800 x 800 पिक्सल पर सेव करें। अपलोड के बाद क्वालिटी चेक करें: क्या आपका आइकन छोटे आकार में, स्क्वेयर और सर्कुलर दोनों रूपों में, साफ और आकर्षक दिखता है? अगर नहीं, तो फ़ाइल फॉर्मेटिंग दोबारा जाँचें या कोई दूसरी इमेज चुनें।
बैनर इमेज बनाएं
बैनर इमेज (जिसे YouTube चैनल आर्ट भी कहते हैं) जोड़ना आपके ब्रांड की पर्सनैलिटी दिखाने और एक आकर्षक YouTube प्रोफाइल बनाने का शानदार तरीका है। उदाहरण के लिए, कुछ ब्रांड सेल, मौसमी बदलाव, या इवेंट्स को दर्शाने के लिए समय-समय पर अपनी बैनर इमेज अपडेट करते हैं।
एक ज़रूरी बात: आपकी बैनर इमेज फ़ाइल छह मेगाबाइट से कम होनी चाहिए और सभी डिवाइस पर बेहतर स्केलिंग के लिए कम से कम 2560 x 1440 पिक्सल होनी चाहिए। YouTube आपको हर इमेज का प्रीव्यू दिखाएगा कि वह अलग-अलग डिवाइस पर कैसी दिखेगी, ताकि आप ज़रूरत के अनुसार बदलाव कर सकें।
3. अपना प्रोफ़ाइल भरें
अपने बिज़नेस के YouTube प्रोफ़ाइल को पूरा अपडेट करने के लिए "Channel customization" सेक्शन के "बेसिक इंफ़ो" टैब पर जाएं।
"Description" में अपनी ब्रांड वॉयस का इस्तेमाल करते हुए अपने स्टोर, प्रोडक्ट्स और मिशन का संक्षिप्त परिचय दें। अपने स्टोर से जुड़े ज़रूरी कीवर्ड्स शामिल करें ताकि आपका टार्गेट ऑडियंस YouTube पर आपको आसानी से खोज सके। इससे YouTube एल्गोरिदम को भी यह समझने में मदद मिलेगी कि आपका चैनल किस बारे में है और वह इसे सही लोगों तक पहुँचाएगा।
चैनल डिस्रिप्शन के नीचे, आप अपने YouTube चैनल से दूसरे प्लेटफ़ॉर्म के लिंक भी जोड़ सकते हैं, जैसे कि अन्य सोशल मीडिया अकाउंट, आपके स्टोर की वेबसाइट, या ब्लॉग। ये सभी लिंक आपके YouTube प्रोफ़ाइल का हिस्सा बन जाएंगे।
अधिकतर प्रोफ़ाइल लिंक डिफ़ॉल्ट रूप से प्लेटफ़ॉर्म का नाम और फ़ेविकॉन दिखाते हैं, लेकिन लाइनअप में पहला लिंक लिंक टाइटल भी दिखाता है, इसलिए यह आपके खुद के कॉल टू एक्शन (CTA) को कस्टमाइज़ करने और ऑनलाइन स्टोर पर ट्रैफ़िक लाने के लिए सबसे अच्छी जगह है। अपने लिंक CTA को 30 अक्षरों या उससे कम में रखें।
टिप: प्रोफ़ाइल सेट अप करते समय अपना फ़ोन नंबर वेरिफाई करना एक अच्छा विचार है। इस वेरिफिकेशन से आपको 15 मिनट से लंबे वीडियो बनाने, लाइवस्ट्रीम करने, और वीडियो थंबनेल बदलने जैसे कस्टमाइज़ेशन विकल्पों का एक्सेस मिलता है। इसके लिए, अपने प्रोफ़ाइल आइकन के ड्रॉप-डाउन मेनू से "YouTube Studio" पर जाएं। स्टूडियो पेज के साइडबार से "Settings" चुनें और फ़ोन नंबर वेरिफिकेशन पूरा करने के लिए "Channel" टैब में "Feature Eligibility" पर जाएं।
YouTube (यूट्यूब) कंटेंट की योजना बनाना
- अपना YouTube नीश खोजें
- अपना टार्गेट ऑडियंस पहचानें
- एक यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन बनाएं
- अपने प्रतिस्पर्धियों को खोजें और उनका विश्लेषण करें
- वीडियो आइडियाज़ की लिस्ट बनाएं
- कीवर्ड रिसर्च करें
चैनल सेट अप होने के बाद, अब वीडियो कंटेंट बनाने की योजना बनाने का समय है जो आपके आदर्श ग्राहक को आकर्षित करे और उसे खरीदार में बदले।
1. अपना YouTube (यूट्यूब) नीश खोजें
आपका नीश वह विषय है जिसके लिए आप YouTube पर जाने जाएंगे। उदाहरण के लिए, अगर आप एक ब्यूटी ब्रांड चलाते हैं, तो आप उसी नीश में वीडियो बनाएंगे, जैसे मेकअप ट्यूटोरियल या ब्यूटी Q&A।
बेहतर नतीजों के लिए, किसी नीश के अंदर और गहरे जाएं। "ब्यूटी" जैसे सामान्य विषय की बजाय, क्या आप सस्टेनेबल कॉस्मेटिक्स या कर्ली हेयर केयर जैसे किसी खास क्षेत्र पर ध्यान दे सकते हैं? भारत में क्षेत्रीय भाषा का कंटेंट तेज़ी से लोकप्रिय हो रहा है। हिंदी, तमिल, तेलुगु, बंगाली और अन्य स्थानीय भाषाओं में वीडियो बनाकर क्रिएटर्स अपने टार्गेट ऑडियंस तक बेहतर तरीके से पहुँच सकते हैं। जितना ज़्यादा आप नीश डाउन करेंगे, उतना ही आसान होगा लॉन्ग-टेल कीवर्ड्स को टार्गेट करना जो आपका ऑडियंस खोज रहा है।
2. अपना टार्गेट ऑडियंस पहचानें
YouTube पर आप किन लोगों तक पहुँचना चाहते हैं? आपका टार्गेट ऑडियंस वे लोग होने चाहिए जो आपके कंटेंट से जुड़ने और आपके प्रोडक्ट खरीदने की सबसे ज़्यादा संभावना रखते हों। जब आपको पता हो कि आप किससे बात कर रहे हैं, तो कंटेंट आइडियाज़ सोचना, वीडियो बनाना और ब्रांड को प्रमोट करना बहुत आसान हो जाता है।
टार्गेट ऑडियंस पहचानते समय इन बातों पर विचार करें:
- डेमोग्राफिक जानकारी, जैसे उम्र, स्थान, लिंग, आय, और शैक्षणिक स्तर
- साइकोग्राफिक जानकारी, जैसे रुचियाँ, व्यवहार, चुनौतियाँ, और सपने
3. एक यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन बनाएं
आपका यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन आपके नीश और टार्गेट ऑडियंस को इस तरह जोड़ता है कि आपका ब्रांड यादगार बन जाए। यह असल में वह कारण है कि लोग आपका चैनल क्यों देखें और आपके वीडियो से उन्हें क्या मिलेगा।
उदाहरण के लिए, आपका यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन कर्ली बालों वाली महिलाओं को आसान ट्यूटोरियल के ज़रिए अपने बालों को संवारने में मदद करना हो सकता है। या फिर, आप उन कारीगरों की कहानियाँ सामने ला सकते हैं जो आपके प्रोडक्ट बनाते हैं, ताकि छोटे समुदायों और पारंपरिक निर्माण तकनीकों के बारे में जागरूकता बढ़े।
4. अपने प्रतिस्पर्धियों को खोजें और उनका विश्लेषण करें
आपके सामने कौन है? अपने नीश में पहले से मौजूद कंटेंट की रिसर्च करने से आपको अपनी रणनीति बनाने में मदद मिलेगी।
इससे भी ज़्यादा, यह समझना कि आपके प्रतिस्पर्धी किस तरह के वीडियो बना रहे हैं, आपको बाज़ार में अपनी जगह खोजने में मदद करेगा।
संबंधित इंडस्ट्री कीवर्ड्स से YouTube पर सर्च करें और ऐसे चैनल खोजें जो:
- आपके जैसा ऑडियंस शेयर करते हों
- आपके जैसा कंटेंट बनाते हों
- आपके जैसा नीश या यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन रखते हों
5. वीडियो आइडियाज़ की लिस्ट बनाएं
अब संभावित वीडियो आइडियाज़ की एक लिस्ट तैयार करने का समय है। बड़े पैमाने पर शुरू करें, बाद में इसे छाँट सकते हैं।
वीडियो कंटेंट आइडियाज़ के लिए ये तरीके आज़माएं:
- कस्टमर सपोर्ट टिकट में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल देखें
- प्रतिस्पर्धी चैनलों से प्रेरणा लें
- अपने नीश की ताज़ा खबरों पर नज़र रखें
- मौजूदा ग्राहकों से फीडबैक माँगें
- अपने नीश के ट्रेंडिंग टॉपिक्स देखें
सोचें कि आप किस तरह के वीडियो बनाएंगे। क्या आप शैक्षणिक वीडियो पोस्ट करेंगे जो दर्शकों को आपके प्रोडक्ट या नीश से जुड़ी कोई चीज़ सिखाएं? क्या आप खूबसूरत विडियोग्राफी और बिहाइंड-द-सीन्स फुटेज से ब्रांड की कहानियाँ बताएंगे? या फिर मनोरंजक वीडियो शेयर करेंगे जो दर्शकों को हँसाएं?
ई-कॉमर्स गिफ्ट शॉप Vat19 अनोखे प्रोडक्ट्स में माहिर है और उसने आकर्षक, बेहद टार्गेटेड कंटेंट से एक प्रभावशाली ऑनलाइन साम्राज्य खड़ा किया है। इसकी YouTube रणनीति अपने नॉवेल्टी गिफ्ट्स के इर्द-गिर्द अजीबोगरीब कॉमेडी स्केच बनाने पर केंद्रित है, जिससे नए प्रोडक्ट्स को ऑडियंस से मिलवाया जाता है। फिलहाल इसके 1 करोड़ से ज़्यादा YouTube सब्सक्राइबर हैं, जो बताता है कि यह तरीका काम कर रहा है।
6. कीवर्ड रिसर्च करें
YouTube एक सर्च इंजन है जो यह तय करने के लिए कीवर्ड्स का इस्तेमाल करता है कि कोई वीडियो किसी सर्चर के लिए इस्तेमाली होगा या नहीं। अपने नीश में लोकप्रिय कीवर्ड्स खोजने के लिए Ahrefs, Semrush, या Moz जैसे कीवर्ड रिसर्च टूल का इस्तेमाल करें।
जब आपको पता हो कि आपका टार्गेट ऑडियंस कौन से सर्च टर्म इस्तेमाल करता है, तो आप उन्हें अपने वीडियो और कंटेंट स्ट्रैटेजी में शामिल कर सकते हैं ताकि आप सही सर्च में दिखें।
YouTube (यूट्यूब) वीडियो शूट करना और एडिट करना
अच्छी खबर यह है कि बेहतरीन YouTube वीडियो बनाने के लिए आपको प्रोफेशनल विडियोग्राफर होने की ज़रूरत नहीं है। दरअसल, स्मार्टफोन से भी हाई-क्वालिटी फुटेज शूट की जा सकती है और एडिटिंग ऐप से कुछ बदलाव करने के बाद फर्क मुश्किल से नज़र आता है।
जब आप अपने नए YouTube चैनल के लिए वीडियो बनाने के लिए तैयार हों, तो यह करें।
1. सही उपकरण चुनें
YouTube चैनल शुरू करना अपेक्षाकृत सस्ता है, शुरुआत के लिए बस एक स्मार्टफोन और समय चाहिए। लेकिन अगर आपको लगे कि आपके फोन की क्वालिटी सीमित है, तो विडियोग्राफी उपकरण में निवेश करने पर विचार करें।
शुरुआत के लिए ज़रूरी चीज़ों की लिस्ट:
- DSLR वीडियो कैमरा या स्मार्टफोन
- एक्सटर्नल माइक्रोफोन
- लाइटिंग उपकरण
- वीडियो एडिटिंग ऐप या सॉफ्टवेयर
- वीडियो फाइल्स स्टोर करने की जगह
- ट्राइपॉड या पोर्टेबल फोन होल्डर
2. अपने वीडियो शूट करें
वीडियो शूट करते समय सोचें कि आप कंटेंट को कैसे फ्रेम करेंगे, किसी स्क्रिप्ट की ज़रूरत है या नहीं, और शूटिंग कहाँ होगी। उदाहरण के लिए, अगर आप इनडोर शूट कर रहे हैं, तो लाइटिंग पर ज़्यादा ध्यान देना होगा, जबकि आउटडोर में नेचुरल लाइट काम आती है।
कैमरा सेट अप करने से पहले इन बातों पर विचार करें:
- वीडियो में आप क्या कहेंगे (अगर कुछ कहना हो)
- वीडियो की संरचना (स्टोरीबोर्ड बनाना मददगार होता है)
- क्या वीडियो में किसी और को शामिल करना है
- आप जो मुख्य संदेश देना चाहते हैं
- शूटिंग कहाँ होगी (क्या पूरी शांति चाहिए? क्या मौसम योजना पर असर डालेगा?)
- एडिटिंग के लिए फुटेज को कैसे व्यवस्थित करेंगे
3. अपना पहला वीडियो पोस्ट करें
यहीं से सब कुछ एक साथ आता है। आपका वीडियो तैयार है और आपका ऑडियंस आपके उपयोगी टिप्स या मनोरंजक कंटेंट का इंतज़ार कर रहा है।
YouTube वीडियो अपलोड करने का तरीका:
- अपने YouTube अकाउंट की प्रोफ़ाइल पिक्चर के बगल में कैमरा आइकन पर क्लिक करें।
- "Upload Video" चुनें।
- जो फाइल्स अपलोड करनी हैं उन्हें सेलेक्ट करें।
- अपने वीडियो को एक टाइटल दें।
- थंबनेल जोड़ें।
- वीडियो का डिस्क्रिप्शन लिखें (कीवर्ड्स और CTA शामिल करें)।
- वीडियो से संबंधित कैटेगरी चुनें।
- वीडियो रेंडर होने के बाद "Finish" पर क्लिक करें।
बस! आपका वीडियो अपलोड हो गया और देखने के लिए तैयार है।
अपना YouTube (यूट्यूब) चैनल बढ़ाना
- पहले 1,000 सब्सक्राइबर पाएं
- एक कम्युनिटी बनाएं
- नियमितता ज़रूरी है
- दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर चैनल को क्रॉस-प्रमोट करें
- दूसरे क्रिएटर्स के साथ कोलैबोरेट करें
- उपयोगी टूल्स का सहारा लें
- YouTube के लिए SEO सीखें
1. पहले 1,000 सब्सक्राइबर पाएं
पहले 1,000 सब्सक्राइबर पाना सबसे मुश्किल होता है। आपको यह साबित करना होगा कि आपका चैनल देखने लायक है और आपके पास उनकी ज़रूरतों से जुड़ा कंटेंट है।
पहले 1,000 YouTube सब्सक्राइबर पाने के लिए कुछ टिप्स:
- लक्ष्य को छोटे-छोटे हिस्सों में बाँटें, जैसे हर महीने 100 नए सब्सक्राइबर पाने का लक्ष्य रखें।
- वीडियो में YouTube Subscribe Button जोड़कर सब्सक्राइब करना आसान बनाएं।
- वीडियो डिस्क्रिप्शन में YouTube "Subscribe" लिंक जोड़ें।
- अपने न्यूज़लेटर सब्सक्राइबर्स और दूसरे सोशल मीडिया फॉलोअर्स को YouTube चैनल सब्सक्राइब करने के लिए प्रोत्साहित करें।
- पहचानें कि कौन से वीडियो सबसे ज़्यादा व्यूज़ पाते हैं और उन्हीं टॉपिक्स या वीडियो स्टाइल पर ज़्यादा कंटेंट बनाएं।
2. एक कम्युनिटी बनाएं
YouTube पर कम्युनिटी एक ताकतवर हथियार है। जितने ज़्यादा लोग आपके और आपके चैनल के समर्थक होंगे, उतना ही आसान होगा ज़्यादा दर्शकों तक पहुँचना।
शुरुआत करें अपने वीडियो को प्रासंगिक कीवर्ड्स से ऑप्टिमाइज़ करके और मिलते-जुलते मौजूदा चैनलों के साथ जुड़कर। आप अपने ऑडियंस से पोल के ज़रिए पूछ सकते हैं कि वे क्या देखना चाहते हैं, कॉन्टेस्ट और गिवअवे चला सकते हैं, और ऐसी सीरीज़ बना सकते हैं जो दर्शकों को वापस आने पर मजबूर करे।
3. नियमितता ज़रूरी है
हर दिन नया वीडियो पोस्ट करना ज़रूरी नहीं है, और बाकी सब काम के साथ यह संभव भी नहीं है। इसके बजाय, एक ऐसा शेड्यूल बनाएं जो व्यावहारिक और आरामदायक हो। उदाहरण के लिए, आप महीने में दो वीडियो अपलोड करने का फैसला कर सकते हैं, जैसे एक ट्यूटोरियल और एक बिहाइंड-द-सीन्स झलक।
शेड्यूल बनाने के बाद उस पर टिके रहें। दर्शक आपके अगले अपलोड का इंतज़ार करने लगेंगे, जिससे चैनल के इर्द-गिर्द एक उत्साह का माहौल बनेगा। YouTube पब्लिशिंग शेड्यूल के साथ नियमित रहने से यह भी आसान हो जाता है कि आप दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर अपने YouTube वीडियो कब और कहाँ शेयर करेंगे।
4. दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर चैनल को क्रॉस-प्रमोट करें
अगर Instagram, Facebook, X, Moj, Josh, ShareChat, या न्यूज़लेटर जैसे दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर आपके अच्छे-खासे फॉलोअर हैं, तो वहाँ अपने YouTube चैनल को प्रमोट करें।
दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर अपने फॉलोअर्स को YouTube चैनल सब्सक्राइब करने के लिए आमंत्रित करें, अपने सोशल मीडिया बायो में लिंक शेयर करें और हर न्यूज़लेटर के अंत में एक कॉल-आउट शामिल करें। ध्यान रखें कि जब भी आप किसी सोशल प्रोफ़ाइल को प्रमोट करें, तो अपनी वेबसाइट का लिंक भी ज़रूर जोड़ें।
5. दूसरे क्रिएटर्स के साथ कोलैबोरेट करें
YouTube की विस्तृत इन्फ्लुएंसर और क्रिएटर कम्युनिटी का फायदा उठाएं। ऐसे चैनल खोजें जिनका ऑडियंस आपके जैसा हो और कोलैबोरेशन के लिए संपर्क करें।
दूसरे YouTubers के साथ काम करने के कई तरीके हैं, जैसे:
- दोनों क्रिएटर्स की क्लिप्स से एक जॉइंट वीडियो बनाना
- किसी दूसरे क्रिएटर के चैनल पर अकाउंट टेकओवर करना, जहाँ आप उनके ऑडियंस से अपने ब्रांड का परिचय करा सकते हैं
- अपने चुने हुए क्रिएटर को प्रोडक्ट भेजना ताकि वे अनबॉक्सिंग वीडियो या रिव्यू बना सकें
उदाहरण के लिए, कई भारतीय ब्यूटी और लाइफ स्टाइल ब्रैंड लोकप्रिय क्रिएटर्स जैसे Prajakta Koli या Komal Pandey के साथ कोलैबोरेशन करके अनबॉक्सिंग और रिव्यू वीडियो बनाते हैं।
6. उपयोगी टूल्स का सहारा लें
YouTube टूल्स आपके वीडियो को ऑप्टिमाइज़ करते हैं, जिससे आप जल्दी और बेहतर कंटेंट बना सकते हैं और सही लोगों तक पहुँच सकते हैं।
कुछ ज़रूरी YouTube टूल्स जिन्हें हम सुझाते हैं:
- वीडियो एडिटिंग सॉफ्टवेयर: क्लिप्स को एक साथ जोड़ने और फुटेज की क्वालिटी बेहतर करने के लिए एडिटिंग सॉफ्टवेयर इस्तेमाल करें। iMovie और Windows Video Editor फ्री हैं।
- कीवर्ड रिसर्च टूल: Google Keyword Planner (फ्री), Semrush, और Ahrefs जैसे टूल्स से वीडियो बनाने के लिए प्रासंगिक कीवर्ड्स खोजें।
- परफॉर्मेंस टूल्स: TubeBuddy या Social Blade से अपने YouTube चैनल की परफॉर्मेंस ट्रैक करें और अलग-अलग टाइटल व डिस्क्रिप्शन वेरिएशन टेस्ट करें।
- YouTube Studio: YouTube Studio से चलते-फिरते अपना चैनल मैनेज करें, जो आपको मोबाइल डिवाइस से परफॉर्मेंस मॉनिटर करने और वीडियो ऑर्गनाइज़ करने की सुविधा देता है।
7. YouTube (यूट्यूब) के लिए SEO सीखें
मूल रूप से, YouTube एक सर्च इंजन है। यह यूज़र को उनकी पसंद के कंटेंट से जोड़ने के लिए परिष्कृत एल्गोरिदम का इस्तेमाल करता है।
एल्गोरिदम कैसे काम करता है, यह पूरी तरह सार्वजनिक नहीं है, लेकिन हम जानते हैं कि ये चीज़ें प्रभावित करती हैं कि आपका वीडियो किन टर्म्स के लिए दिखेगा और रिज़ल्ट पेज पर कितना ऊपर होगा:
- YouTube के लिए कीवर्ड रिसर्च। कीवर्ड रिसर्च से YouTube को यह समझने में मदद करें कि कोई आपका वीडियो खोजने के लिए क्या सर्च करेगा।
- वीडियो टाइटल और डिस्क्रिप्शन ऑप्टिमाइज़ करें। कीवर्ड्स मिलने के बाद उन्हें वीडियो टाइटल और डिस्क्रिप्शन में शामिल करें। वीडियो टाइटल को खासतौर पर इतना आकर्षक बनाएं कि कोई उस पर क्लिक करे। क्लिक-थ्रू रेट (CTR) YouTube के एल्गोरिदम में एक जाना-माना रैंकिंग फैक्टर है।
- टैग्स और कैटेगरी का सही इस्तेमाल करें। अपने YouTube वीडियो के लिए सबसे उपयुक्त एक कैटेगरी चुनें। उदाहरण के लिए, गेमिंग ट्यूटोरियल के लिए "Gaming" होगी। आप जितने चाहें उतने टैग्स जोड़ सकते हैं (बशर्ते वे 400 कैरेक्टर की सीमा में हों) ताकि YouTube के एल्गोरिदम को आपके वीडियो के बारे में ज़्यादा संदर्भ मिले।
अपने YouTube (यूट्यूब) चैनल की परफॉर्मेंस का विश्लेषण करना
आपने YouTube कंटेंट बनाने और चैनल बढ़ाने में मेहनत लगाई है। अब देखते हैं कि रणनीति काम कर रही है या नहीं।
YouTube (यूट्यूब) एनालिटिक्स को समझना
YouTube Analytics क्रिएटर्स को उनके चैनल की परफॉर्मेंस समझने के लिए ज़रूरी डेटा देता है। इसे देखने के लिए, अपने YouTube Studio में जाएं और बाईं मेनू से "Analytics" चुनें।
इस एनालिटिक्स डैशबोर्ड में आपको व्यूज़, इम्प्रेशन और सब्सक्राइबर की संख्या सहित ढेर सारी जानकारी मिलेगी। आप यह भी देख सकते हैं कि ये मेट्रिक्स समय के साथ कैसे बदले हैं और हालिया डेटा की तुलना पुराने डेटा से कैसी है। इससे आपको यह समझने में मदद मिलती है कि आपकी YouTube रणनीति काम कर रही है या नहीं।
ऑडियंस इनसाइट्स की व्याख्या करना
नए YouTube चैनल के शुरुआती दौर में कुछ खास मेट्रिक्स पर नज़र रखना समझदारी है। ये आपके चैनल, आपके फॉलोअर्स और अभी क्या काम कर रहा है, इस बारे में बहुत कुछ बता सकते हैं।
YouTube चैनल विश्लेषण के दौरान इन इनसाइट्स पर ध्यान दें:
- ट्रैफ़िक सोर्स: आपके दर्शक कहाँ से आते हैं। क्या YouTube सर्च से, सजेस्टेड वीडियो सेक्शन से, किसी क्यूरेटेड प्लेलिस्ट से, या YouTube Shorts फीड से? जहाँ से सबसे ज़्यादा ट्रैफ़िक आ रहा हो, उस पर और ध्यान दें।
- ऑडियंस डेमोग्राफिक्स: आपके टार्गेट ऑडियंस में क्या समानताएं हैं? उनकी उम्र, स्थान और रुचियाँ जानने के बाद, आप उन्हें जोड़े रखने वाले टॉपिक आइडियाज़ तैयार कर सकते हैं।
- वे कौन से चैनल देखते हैं: ये वे क्रिएटर हैं जिन्हें आपका टार्गेट ऑडियंस भी देखता है। इसे मार्केट रिसर्च में इस्तेमाल करें ताकि आप प्रतिस्पर्धी बने रहें और जानें कि आपके ऑडियंस का ध्यान पाने के लिए आप किनसे मुकाबला कर रहे हैं।
वीडियो परफॉर्मेंस का मूल्यांकन करना
YouTube एनालिटिक्स यह तो बता सकता है कि आपका चैनल बढ़ रहा है, लेकिन अपने सबसे लोकप्रिय कंटेंट को समझने और उसी तरह का ज़्यादा कंटेंट बनाने के लिए, पहले यह जानना ज़रूरी है कि एक "अच्छा" वीडियो क्या होता है, और फिर यह कि टॉप परफॉर्मर्स में क्या समानता है।
इसके लिए कुछ खास मेट्रिक्स हैं:
- टॉप रैंक्ड: यह आपका सबसे लोकप्रिय वीडियो है, चाहे वह YouTube Shorts हो या पारंपरिक लॉन्ग-फॉर्म वीडियो।
- औसत व्यू ड्यूरेशन: औसत दर्शक आपका वीडियो कितनी देर देखता है। कम व्यू ड्यूरेशन का मतलब है कि आप उनका ध्यान नहीं खींच पा रहे; ज़्यादा ड्यूरेशन का मतलब है कि दर्शक जुड़े हुए हैं।
- ऑडियंस रिटेंशन: हर समय बिंदु पर वीडियो देखने वाले दर्शकों का प्रतिशत। देखें कि लोग कहाँ वीडियो छोड़ते हैं और क्यों। इससे आप कुछ ऐसा पहचान सकते हैं (और सुधार सकते हैं) जो भविष्य के वीडियो में दोबारा न हो।
चैनल को अलग बनाने के लिए एडवांस YouTube (यूट्यूब) टिप्स
- विज्ञापनों से अपने YouTube चैनल को मोनेटाइज़ करें।
- अपने प्रोडक्ट प्रमोट करने के लिए YouTube पर Shopping सेट अप करें।
- ब्रांड अवेयरनेस बढ़ाने के लिए अपने वीडियो में वॉटरमार्क जोड़ें।
- अपने वीडियो पर ऑटोमेटिक सब्सक्रिप्शन प्रॉम्प्ट इनेबल करें।
- अपनी वेबसाइट के प्रासंगिक कंटेंट से इन्फो कार्ड लिंक करें।
- दर्शकों की रिटेंशन रेट बढ़ाने के लिए प्रासंगिक वीडियो एंड स्क्रीन शामिल करें।
- अपनी यूनीक ब्रांडिंग को दर्शाने वाले कस्टम वीडियो थंबनेल बनाएं।
- मर बेचना, डिजिटल प्रोडक्ट, या सर्विसेज़ जैसे दूसरे मोनेटाइज़ेशन तरीके अपनाएं।
अपना सफल YouTube (यूट्यूब) चैनल शुरू करें
YouTube चैनल बनाने से आपको प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त मिल सकती है और आपके ब्रांड के प्रति भरोसा और जागरूकता बन सकती है। पहले यह तय करने में समय लगाएं कि आप किसे टार्गेट करना चाहते हैं और आपका यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन क्या होगा। फिर ऐसे वीडियो आइडियाज़ सोचें जो उन लोगों से जुड़ें।
चैनल चालू होने के बाद, आप मोनेटाइज़ेशन के तरीकों, क्रिएटर कोलैबोरेशन, और दूसरे प्लेटफ़ॉर्म पर क्रॉस-प्रमोशन के ज़रिए ज़्यादा व्यूज़ और सब्सक्राइबर पाने पर ध्यान दे सकते हैं।
YouTube (यूट्यूब) चैनल कैसे शुरू करें, अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
शुरुआती लोग YouTube (यूट्यूब) चैनल कैसे शुरू करते हैं?
- अपना नीश खोजें।
- अपना टार्गेट ऑडियंस पहचानें।
- एक यूनीक वैल्यू प्रपोज़िशन बनाएं।
- अपने प्रतिस्पर्धियों को खोजें और उनका विश्लेषण करें।
- YouTube वीडियो आइडियाज़ की लिस्ट बनाएं।
- कीवर्ड रिसर्च करें।
- अपना पहला वीडियो बनाएं।
- अपलोड करते समय वीडियो ऑप्टिमाइज़ करें।
- अपना चैनल शयर करें।
क्या YouTube (यूट्यूब) चैनल शुरू करना फायदेमंद है?
YouTube चैनल शुरू करना एक फायदेमंद अनुभव हो सकता है, लेकिन यह काफी हद तक आपके लक्ष्यों और अपेक्षाओं पर निर्भर करता है।
इन बातों पर विचार करें:
- जुनून: अगर आप किसी खास विषय या नीश के बारे में उत्साहित हैं, तो YouTube चैनल शुरू करना अपना ज्ञान साझा करने और समान रुचि वाले लोगों से जुड़ने का एक शानदार तरीका हो सकता है।
- समय: YouTube चैनल के लिए क्वालिटी कंटेंट बनाने में समय और मेहनत लगती है। अगर आप ज़रूरी समय नहीं दे सकते, तो ऑडियंस बनाना मुश्किल हो सकता है।
- प्रतिस्पर्धा: YouTube पर लाखों क्रिएटर्स हैं जो ध्यान पाने की कोशिश कर रहे हैं। यह चुनौतीपूर्ण लग सकता है, लेकिन इसका मतलब यह भी है कि किसी भी विषय या नीश के लिए एक ऑडियंस ज़रूर मौजूद है।
- आमदनी: YouTube विज्ञापनों और स्पॉन्सरशिप से पैसे कमाना संभव है, लेकिन जब तक आपके पास बड़ा और सक्रिय ऑडियंस न हो, यह आय का कोई बड़ा ज़रिया नहीं बनेगा।
मैं YouTube (यूट्यूब) चैनल कैसे शुरू करूं और पैसे कैसे कमाऊं?
- अपना चैनल बनाएं और प्रोफ़ाइल सेट अप करें।
- अपना YouTube नीश खोजें।
- अपना टार्गेट ऑडियंस पहचानें।
- अपने प्रतिस्पर्धियों को खोजें और उनका विश्लेषण करें।
- सही उपकरण चुनें।
- पहले 1,000 सब्सक्राइबर पाएं।
- YouTube विज्ञापनों से मोनेटाइज़ करें।
- अपने चैनल में YouTube Shopping जोड़ें।
YouTube (यूट्यूब) चैनल शुरू करने में कितना खर्च आएगा?
YouTube चैनल शुरू करने में कोई खर्च नहीं आना चाहिए। आपको बस एक Google अकाउंट, एक स्मार्टफोन, और फ्री एडिटिंग सॉफ्टवेयर चाहिए। जब आपका चैनल बढ़ने लगे, तो आप ज़्यादा बेहतर एडिटिंग टूल्स, कीवर्ड रिसर्च और एनालिटिक्स टूल्स में निवेश करने पर विचार कर सकते हैं।

